परिचय

सानिया मिर्ज़ा भारत की एक मशहूर टेनिस खिलाडी हैं। सानिया मिर्जा ने साल 2003 से 2013 तक ‘सिंगल्स और डबल्स’ में एक टॉप भारतीय खिलाडी के रूप में अपना स्थान बनाकर रखा और बाद में जब उन्होंने ‘सिंगल्स’ से सन्यास ले लिया, तब टॉप स्थान पर उनकी जगह ‘अंकिता रैना’ ने ले ली। सानिया मिर्जा भारत की सबसे कामयाब और सफल महिला टेनिस खिलाडी हैं।

सानिया मिर्जा जब 18 साल की थी, तब उनका नाम वैश्विक स्तर पर फैल गया था, इतनी अच्छी खिलाडी होने की वजह से उन्हें सन् 2006 में भारत सरकार ने ‘पद्मश्री’ पुरस्कार से सम्मानित किया। सानिया मिर्जा ‘पद्म श्री’ पुरस्कार पाने वाली सबसे कम उम्र की खिलाडी हैं। सानिया मिर्जा को सन् 2006 में अमेरिका में विश्व की टेनिस की दिग्गज हस्तियों के बीच “डब्लू. टी. ए.” का ‘मोस्ट इम्प्रेसिव न्यू कमर एवार्ड’ दिया गया था।

जीवन व परिवार

सानिया मिर्जा का जन्म 15 नवम्बर 1986 को मुंबई, महाराष्ट्र में हुआ था। सानिया मिर्जा के पिता का नाम ‘इमरान मिर्ज़ा’ है, वे एक खेल संवाददाता थे। सानिया मिर्जा की माता का नाम ‘नसीमा’ है, वे  मुंबई में प्रिंटिंग के काम से जुड़ी एक कंपनी में काम करती थीं। उनकी एक छोटी बहन भी है, जिनका नाम ‘अनम’ है।

सानिया मिर्जा का बचपन हैदराबाद में गुजरा। सानिया मिर्जा की शुरूआती शिक्षा हैदराबाद के ‘एन. ए. एस. आर. स्कूल’ में हुई, उसके बाद सानिया मिर्जा ने हैदराबाद के ही ‘सेंट मैरी कॉलेज’ से स्नातक की उपाधि प्राप्त की। जब सानिया मिर्जा 6 साल की थी, तब उन्होंने ‘निज़ाम क्लब’, हैदराबाद में टेनिस खेलना शुरू किया था।

सानिया मिर्जा ने अपनी शुरुआती कोचिंग भारत के एक कामयाब टेनिस खिलाड़ी सी. के. भूपति से ली थी। सानिया मिर्जा के पिता के पास इतना पैसा नहीं था कि वे सानिया मिर्जा को प्रोफेशनल ट्रेनिंग दिला सके, इसलिए उन्होंने सानिया मिर्जा के लिए  कुछ बड़े व्यापारिक समुदायों से स्पांसरशिप ली। ‘जी. वे. के. इंड्रस्ट्रीज’ और ‘एडीडास’ ने सानिया मिर्ज़ा को तब से स्पांसर करना शुरू कर दिया था, जब वे केवल 12 साल की ही थी। उसके बाद सानिया मिर्जा की ट्रेनिंग का जिम्मा उनके पिता ने ले लिया था।

मार्च 2010 में ‘नवभारत टाइम्स’ समाचार पत्र ने सानिया मिर्जा को भारत की गौरवान्वित 33 महिलाओं की सूची में नामित किया। आज के समय में, सानिया मिर्जा नवगठित भारतीय राज्य तेलंगाना की ‘ब्रांड एंबेसडर’ हैं। 11 दिसम्बर 2008 को सानिया मिर्जा ने चेन्नई के ‘एम. जी. आर. शैक्षिक और अनुसंधान संस्थान विश्वविद्यालय’ से डॉक्टरेट की मानद उपाधि हासिल की।

करियर

सन् 1999 में ‘विश्व जूनियर टेनिस चैम्पियनशिप’ में हिस्सा लेकर सानिया मिर्जा ने अपने करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने कई अलग-अलग अंतरराष्ट्रीय टेनिस के मैचों में हिस्सा लिया। साल 2003 उनके जीवन का एक यादगार मोड़ बना, जब सानिया मिर्जा ने भारत की तरफ से वाइल्ड कार्ड एंट्री की और विम्बलडन में ‘डबल्स’ के मैच के दौरान जीत हासिल की। साल 2004 में अपने खेल का अच्छा प्रदर्शन करने की वजह से उन्हें साल 2005 में ‘अर्जुन पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया। साल 2005 के अंत तक सानिया मिर्जा की अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग 42 हो गई थी, जो भारत के लिए बहुत अच्छी बात थी।

साल 2009 में सानिया मिर्जा ने भारत की तरफ से ग्रैंड स्लैम जीता और वे भारत की तरफ से ग्रैंड स्लैम जीतने वाली पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बनीं। सानिया मिर्जा ने जब अपना पहला आई.टी.एफ. जूनियर टूर्नामेंट इस्लामाबाद में खेला था, तब वे ठीक से 14 साल की भी नहीं हुई थी।

शादीशुदा जीवन

12 अप्रैल 2010 को सानिया मिर्जा ने पाकिस्तानी क्रिकेटर शोएब मलिक से हैदराबादी मुस्लिम तरीके से शादी कर ली। सानिया मिर्जा और शोएब मलिक की शादी ‘ताज कृष्णा होटल’ हैदराबाद में हुई। शोएब मलिक ने सानिया मिर्जा को शादी में 6.1 मिलियन की महर (महर वह धनराशि है, जो विवाह के समय दूल्हा या दूल्हे का पिता, दुल्हन को देता है) दी। इनकी शादी का वालिमा भोज लाहौर, पाकिस्तान में किया गया।

23 अप्रैल 2018 को सानिया मिर्जा और उनके पति शोएब मलिक ने सोशल मीडिया पर बताया कि उनका पहला बच्चा होने वाला है। 30 अक्टूबर 2018 को सानिया मिर्जा के पति शोएब मलिक ने ट्विटर पर बताया कि सानिया मिर्जा को एक लड़का हुआ है। दोनों पति-पत्नी ने मिलकर अपने बच्चे का नाम ‘इज्हान मिर्जा मलिक’ रखा है।

पुरस्कार व सम्मान

  • साल 2004 में सानिया मिर्जा को ‘अर्जुन पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया।
  • साल 2005 में उन्हें WTA New Comer of the Year के सम्मान से सम्मानित किया गया।
  • साल 2006 में सानिया मिर्जा को चौथे सबसे बड़े नागरिक सम्मान ‘पद्म श्री’ से सम्मानित किया गया था।
  • साल 2014 में तेलंगाना की सरकार ने सानिया मिर्जा को अपने राज्य की ‘ब्रांड अम्बैसेडर’ बनाया था।
  • साल 2015 में सानिया मिर्जा को ‘राजीव गाँधी खेल रत्न पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया था और इस बात पर तेलंगाना के मुख्यमंत्री ‘कल्वाकुंतला चंद्रशेखर राव’ ने सानिया मिर्जा को ‘राजीव गाँधी खेल रत्न पुरस्कार’ पाने की बधाई दी।
  • साल 2016 में सानिया मिर्जा का नाम टाइम (अंग्रेज़ी पत्रिका) की उन 100 लोगों की सूची में आया, जिन्होंने दुनिया पर अपनी छाप छोड़ी है।
  • साल 2016 में सानिया मिर्जा को भारत के तीसरे सबसे बड़े नागरिक सम्मान ‘पद्म भूषण’ से सम्मानित किया गया।
  • साल 2016 में सानिया मिर्जा को NRI of the Year के सम्मान से सम्मानित किया गया।