परिचय

रवि शंकर प्रसाद एक भारतीय राजनेता और भारत के मुख्य राजनैतिक दल ‘भारतीय जनता पार्टी’ (BJP) के अग्रणी सदस्यों में से एक हैं। वर्तमान में भारतीय संसद के ऊपरी सदन में बिहार राज्य का प्रतिरूप करते हैं। वे राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (RJD) सरकार में भारत के कोयला एवं खान मंत्रालय, न्याय एवं विधि मन्त्रालय तथा सूचना एवं प्रसारण मन्त्रालय में राज्य मन्त्री भी रह चुके हैं।

Savitribai Phule Biography in Hindi

जन्म एवं शिक्षा

रवि शंकर प्रसाद का जन्म 30 अगस्त 1954 को बिहार के पटना में एक माध्यम वर्गीय ‘कायस्थ’ परिवार में हुआ। उनके पिता का नाम ‘ठाकुर प्रसाद’ तथा उनकी माता का नाम ‘बिमला प्रसाद’ था। उनके पिता पटना उच्च न्यायालय के विख्यात वकील थे। रवि शंकर प्रसाद ने पटना विश्वविद्यालय से BA ऑनर्स, MA राजनीति विज्ञान तथा LLB की डिग्रियाँ प्राप्त की।

विवाह

उनका विवाह 3 फ़रवरी 1982 को डॉ॰ ‘माया शंकर’ के साथ हुआ। माया शंकर पटना विश्वविद्यालय में इतिहास की प्राध्यापिका हैं। दंपत्ति के 2 संतान है – बेटे का नाम ‘आदित्य शंकर’ और बेटी का ‘अदिति शंकर’ है।

राजनैतिक जीवन

रवि शंकर प्रसाद ने सन 1970 के दशक में ‘इन्दिरा गांधी’ की सरकार के विरुद्ध विरोध प्रदर्शनों का आयोजन कर छात्र नेता के तौर पर अपना राजनैतिक जीवन शुरू किया। ‘जयप्रकाश नारायण’ के नेतृत्व में उन्होंने आपातकाल के समय बिहार में छात्र आन्दोलन का नेतृत्व किया और जेल भी गए। वे कई सालों तक ‘अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद’ (ABVP) के साथ जुड़े रहे। छात्र जीवन के समय पटना विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव में सहायक महासचिव, वित्त समिति, कला और विधि संकाय के मेम्बर भी रह चुके हैं।

रवि शंकर प्रसाद सालों तक BJP की युवा शाखा एवं पार्टी संगठन में राष्ट्रीय स्तर के उत्तरदायित्व संभालते रहे हैं। वे सन 2000 में सांसद बने और सन 2001 में ‘अटल बिहारी वाजपेयी’ की सरकार में कोयला एवं खान राज्य मंत्री रहे। वे भाजपा के मुख्य प्रवक्ता हैं।

रवि शंकर प्रसाद को अप्रैल 2002 में भारतीय शिष्टमण्डल के नेता के तौर पर दक्षिण अफ्रीका गुट निरपेक्ष मन्त्रिस्तरीय बैठक में भाग लेने के लिए भेजा गया था। इसके बाद उन्हें गुटनिरपेक्ष आन्दोलन के मन्त्रिस्तरीय प्रतिनिधिमण्डल में भारतीय सदस्य के रूप में रामल्ला में फिलिस्तीनी नेता स्वर्गीय ‘यासिर अराफात’ से मिलकर उनके साथ एकजुटता व्यक्त करने के लिए भेजा गया। उन्हें राष्ट्रमण्डल कानून मन्त्री शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए भारतीय शिष्टमण्डल के नेता के रूप में सेण्ट विंसेन्ट (वेस्टइण्डीज) भेजा गया। उन्होंने कान, वेनिस और लन्दन फिल्म समारोहों में भारतीय प्रतिनिधिमण्डल का नेतृत्व किया। अक्टूबर 2006 में उन्हें न्यूयॉर्क में हुई 6वीं संयुक्त राष्ट्र महासभा में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ भेजा गया।

सन 2006 में भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता बने और अप्रैल 2006 में बिहार से राज्य सभा के लिए दोबारा सांसद नियुक्त किए गए। उन्हें सन 2007 में फिर भारतीय जनता पार्टी के मुख्य राष्ट्रीय प्रवक्ता के तौर पर चुना गया। पिछले 10 वर्षों से वे भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य हैं। वे विभिन्न संसदीय समितियों के भी सदस्य हैं। हाल ही में वे उत्तरांचल विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी के प्रभारी थे। सन 2009 में लोकसभा के लिए चुनाव अभियान में उन्होंने विभिन्न टेलीविजन चैनलों पर भाजपा की स्थिति प्रस्तुत की है।

पद

  • सन 1991 से 1995 तक (BJP) के युवा मोर्चा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रहे।
  • सन 1995 में राष्ट्रीय कार्यकारी सदस्य बने।
  • सन 2000 में राज्यसभा के सदस्य चुने गए।
  • सन 2000 से 2001 तक पेट्रोलियम, रसायन तथा वित्त मंत्रालय के सलाहकार समितियों के सदस्य रहे।
  • सन 2001 से 2003 तक कोयला और खान मंत्रालय के तौर पर राज्य मंत्री रहे।
  • सन 2003 से 2004 तक सूचना और प्रसारण मंत्रालय के साथ-साथ राज्यमंत्री का अलग कार्यभार संभाला।
  • सन 2004 से 2006 तक मानव संसाधन विकास समिति के सदस्य रहे।
  • सन 2004 से 2006 तक राज्य सभा की स्थानीय क्षेत्र विकास योजना के सदस्य रहे।
  • सन 2004 से 2006 तक वित्त मंत्रालय की सलाहकार समिति के सदस्य रहे।
  • मार्च 2006 को बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता बनें।
  • अप्रैल 2006 पुनः राज्य सभा के सांसद नियुक्त किए गए।