खसरा | Khasara | Measles in Hindi

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खसरा एक संक्रामक अथवा छूत का रोग है जो एक प्रकार के वायरस से होता है। इस रोग को रुबोला (Rubeola) के नाम से भी जाना जाता है। खसरा होने पर रोगों से लड़ने की क्षमता (इम्युनिटी) कम हो जाती है। यह रोग सबसे ज्यादा बच्चों में फैलता है। इसलिए किसी बच्चे को यह रोग हो जाए तो उसके आस-पास दूसरे बच्चों को नहीं आने देना चाहिए।

मुख्य लक्षण

  • खांसी (Cough) होना, नाक बहना (Coryza), आंखें लाल हो जाना (Conjunctivitis)।
  • चेहरे और छाती पर लाल रंग के दाने होना।
  • बुखार 103 से 104 डिग्री तक पहुँच जाना।
  • गले में दर्द होना, शरीर में टूटन और थकान महसूस होना।

मुख्य कारण

खसरा एक प्रकार के वायरस के संक्रमण से होता है जो किसी भी स्वस्थ बच्चे या व्यक्ति को संक्रमित कर उसे बीमार कर सकता है। छूत का रोग होने के कारण यह रोग एक बच्चे से दूसरे बच्चे को हो सकता है। इसलिए रोगी के सम्पर्क में नहीं आना चाहिए और ना ही उसके कपड़े, बिस्तर और रुमाल आदि का इस्तेमाल करना चाहिए।

खसरा से बचाव

  • बच्चे को समय पर खसरे का टीका लगवा लें।
  • रोगी बच्चे के आस-पास दूसरे बच्चों को ना आने दें।
  • बिस्तर की चादर को प्रतिदिन बदलें।
  • हल्के और आसानी से पचने वाले आहर का सेवन करें।
  • ढीले सूती कपड़े पहने और उन्हें रोज बदलें।
  • ज्यादा नमक या नमकीन चीज़ों का सेवन ना करें।

घरेलू उपचार

दवा के अलावा कुछ घरेलू नुस्खे आजमाकर भी खसरा रोग का उपचार किया जा सकता है। कुछ आसान एवं कारगर घरेलू उपचार निम्नलिखित हैं।

  • मुलेठी: मुलेठी की जड़ या इसकी जड़ के पाउडर में शहद मिलाकर नियमित रूप से प्रतिदिन आधा चम्मच खाएं।
  • इमली का बीज और हल्दी: इमली के बीज का पाउडर बना लें। एस पाउडर में बराबर मात्रा में हल्दी का पाउडर मिला लें। एस मिश्रण का दिन में दो से तीन बार सेवन करें।
  • नीम की पत्तियां: नहाने के लिए एक टब में गरम पानी लें और इसमें नीम की कुछ पत्तियां डाल दें। रोगी (बच्चे) को 15 से 20 मिनट तक इस पानी में रखें।
  • करेला और हल्दी: हल्दी की जड़ का पाउडर बना लें। इस पाउडर में शहद मिलाकर उसमें करेले की पत्तियों का रस निचोड़ लें। इस मिश्रण का दिन में तीन से चार बार सेवन करें।
  • नारियल: नारियल के पानी और उसकी मलाई का नियमित रूप से दिन में दो से तीन बार सेवन करें।
  • संतरा: संतरा या संतरे के रस का सेवन करें। इससे भूख बढती है और रोग ठीक होने लगता है।
  • लहसुन: लहसुन को पीसकर उसमें शहद मिलाकर इसका सेवन किया जा सकता है।
  • निम्बू: 15 से 25 मि.ली. निम्बू का रस पानी में मिलाकर पीयें।