भोपाल की आंचल गंगवार उड़ाएंगी लड़ाकू विमान

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मध्य प्रदेश के भोपाल में एक चाय बेचने वाली की बेटी आंचल गंगवार ने “कभी भी हार नहीं माननी चाहिए” कहावत को साबित कर कर दिया है। आपको बता दें कि मध्य प्रदेश के जिला नीमच के एक चाय बेचने वाली की 24 वर्षीय बेटी आंचल गंगवार का चयन भारतीय वायुसेना की फ्लाइंग ब्रांच में हो गया है। अब एक चाय वाले की बेटी आंचल गंगवार भी भारतीय वायुसेना में फाइटर प्लेन उड़ाने को तैयार है।

आंचल गंगवार ने खुद बताया कि “मैंने 5 बार फेल होने के बाद इस कामयाबी को हासिल किया है। मैं लगातार 5 बार एग्जाम में फेल होती गयी, लेकिन मैंने किसी भी तरह की हार नहीं मानी और अंत में 6 बार में मैंने परीक्षा पास करने के बाद ही दम लिया। इसलिए जिन्दगी में कभी भी हार नहीं माननी चाहिए, कोशिश करते रहो, कभी ना कभी सफलता हासिल हो ही जाएगी। सफलता दो ही चीजों से मिलती है- मेहनत और लगन से। इनमें से एक भी चीज छूटी तो आप असफल हो जाएंगे और आपको किसी भी कम्पटीशन की तैयारी करने के लिए मेहनत और लगन मन से करनी चाहिए, तभी आप सफल हो पाएंगे।” इसीलिए किसी ने कहा है- Try Again Try Again Nothing is Impossible.

आंचल गंगवार ने आगे बताया कि साल 2013 में उत्तराखंड में बाढ़ के दौरान जिस तरह से भारतीय वायुसेना के जवानों ने बचाव कार्य को अंजाम दिया, वह देखकर मैंने तुरंत ही भारतीय वायुसेना में जाने का मन बना लिया। उस समय मेरी फैमिली की हालत कुछ ख़राब थी, जिस कारण मैं तुरंत तो भारतीय वायुसेना के तैयारी नहीं कर सकी। जैसे ही मुझे मौका मिला, मैंने पूरे मन और लगन से भारतीय वायुसेना की तैयारी करके यह सफलता हासिल की। आज मै बहुत खुश हूँ कि मैंने जो सपना देखा आज वो पूरा हो गया है।

हर साल भारतीय वायुसेना में करीब 6 लाख से भी ज्यादा स्टूडेंट्स इस परीक्षा में भाग लेते हैं, जिसमें देश भर में कुल 22 लोग को ही भरतीय वायुसेना में चुना गया है, जिनमें मध्य प्रदेश की आंचल गंगवार भी शामिल है।