भीख मांगना | Bheek Mangna | Begging

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भिखारी वह होता है, जो कोई काम नहीं करता और दूसरे लोगों से पैसे या खाना मांगता है। भिखारी ज्यादातर पार्क के पास, बाजार के पास या किसी आने-जाने के साधन जैसे- मेट्रो या बस अड्डे के पास मिल सकते हैं।भीख मांगना हमारे देश की एक बहुत बड़ी समस्या है, जो लोग गरीबी की चपेट में बुरी तरह आजाते हैं और भीख मांगना शुरू कर देते हैं, वो भिखारी कहलाते हैं।
हाल ही में लोगों ने इंटरनेट पर भी भीख मांगना शुरू कर दिया है। इंटरनेट पर लोग उन लोगों से भीख मांगते हैं, जिनको वो पहले से जानते हैं। लोग पैसे, खाना या और कोई चीज़ मांगते हैं, जो वो खरीदना चाहते हैं, मगर खरीद नहीं सकते हैं।

इतिहास

भिखारियों का इतिहास बहुत पुराना है। दुनिया में भिखारी सालों से रह रहे हैं, भिखारी लगभग पूरी दुनिया में मौजूद हैं।

कारण

भारत में भीख मांगने की समस्या के पीछे कई कारण हैं। जैसे-

  • भीख मांगने के पीछे गरीबी एक बड़ा कारण है, जो लोग एक हद से ज्यादा गरीब होते हैं, उसके पास भीख मांगने के आलावा और कोई दूसरा चारा नहीं होता।
  • बेरोजगारी भी इसकी एक बड़ी वजह है। नौकरी ना मिलने की वजह से लोगों को भीख मांगने के लिए मजबूर होना पड़ता है।
  • हमारे समाज में कुछ ऐसे रीति-रिवाज हैं, जो किसी को आगे बढने नहीं देते। जैसे- किसी ‘मोची’ का बेटा ‘मोची’ ही बनेगा और ‘धोबी’ का बेटा ‘धोबी’ ही बनेगा। इसी तरह भिखारी का बेटा कुछ और नहीं कर सकता, हालांकि यह अब कम ही हो रहा है।
  • कुछ लोग काम करना तो चाहते हैं, मगर शारीरिक अक्षमता की वजह से कर नहीं पाते।
  • कुछ लोग बीमारी की वजह से भी काम नहीं कर पातेऔर भीख मांगना शुरूकर देते हैं।

प्रभाव

  • भिखारी ज्यादातर इस पर निर्भर होते हैं कि उन्हें दूसरों से क्या मिलता है। यह एक बड़ी समस्या है, क्योंकि इसकी वजह से भिखारी और कोई आय के स्त्रोत तलाश नहीं करते।
  • इस तरह के लोग समाज पर एक बोझ होते हैं और वो अपने बच्चों को भी ऐसा ही बना लेते हैं।
  • भीख मांगने की सबसे बुरी बात यह है कि इसके लिए लोग अपने शरीर का नुकसान भी करते हैं।
  • भीख मांगने वाले लोग की वजह से देश के उत्पादन पर भी प्रभाव पड़ता है।

हल

सरकार को नौकरी सुरक्षा प्रदान करने, सरकारी क्षेत्रों में अधिक कर्मचारियों की भर्ती और कई अन्य तरीकों से भिखारियों की समस्या को दूर करने के लिए बड़ी पहल करनी चाहिए। अगर भिखारियों को नौकरी दी जा सके तो भीख मांगने वालों की देश में कमी हो जाऐगी, जो एक अच्छी बात है। अगर भीख मांगने वाले बच्चों को शिक्षा दी जा सके तो वो भी इस रस्ते पर नहीं चलेंगे, क्योंकि शिक्षा किसी भी सामाजिक समस्या को खत्म करने की मुख्य कुंजी है।
साथ ही सरकार को लोगों को काम करने के लिए प्रेरित करना चाहिए, ताकि वह समाज का एक जरुरी हिस्सा बन सके, ना की समाज पर बोझ बने।