किसी व्यक्ति के खून में अगर आयरन की कमी हो जाए तो उसका हीमोग्लोबिन भी कम हो जाता है। खून में आयरन और हीमोग्लोबिन की इस कमी को एनीमिया रोग कहा जाता है। यह रोग पुरषों की अपेक्षा महिलाओं में अधिक पाया जाता है।

मुख्य लक्षण

  • आखें, नाखून और त्वचा का पीला होना।
  • कमजोरी और थकावट महसुस होना और चक्कर आना।
  • साँस फूलना और सिर दर्द रहना।
  • हाथ और पैरों का ठंडा होना।
  • लेटने के बाद उठने पर कभी-कभी आखों के सामने अँधेरा छा जाना।
  • दिल की धड़कन का आसामान्य या तेज होना।
  • सीने में ऐठन होना और छाती में दर्द रहना।

मुख्य कारण

  • शारीर में आयरन और फोलिक एसिड की कमी होना।
  • शारीर में कैल्शियम ज्यादा हो जाना।
  • हरी सब्जियां ना खाना।
  • विटामिन बी 12 की कमी होना।
  • किडनी रोग, कैंसर, एड्स और अपच जैसे कई रोगों से भी एनीमिया हो सकता है।

एनीमिया से बचाव

  • हरे पत्तेदार सब्जियों का सेवन करें, जैसे कि पालक, मेथी, गोभी, सरसों, ब्रोकोली आदि।
  • विटामिन C से युक्त फलों का सेवन करें, जैसे कि संतरा और मौसंबी।
  • भुने चने और गुड का सेवन करें।
  • नाश्ते में अंडे का सेवन करें।
  • चुकंदर को खाने में सलाद की तरह या सब्जी बनाकर खाएं।
  • सूखे मेवे जैसे किशमिश, बादाम और खजूर का नियमित सेवन करें।
  • डॉक्टर की सलाह से आयरन या विटामिन की गोलियां ले सकते हैं।

घरेलू उपचार

दवा के अलावा कुछ घरेलू नुस्खे आजमाकर भी एनीमिया का उपचार किया जा सकता है। कुछ आसान और कारगर घरेलू उपचार निम्नलिखित हैं।

  • अनार: अनार में प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, आयरन और कैल्शियम उचित मात्रा में पाया जाता है। इसका सेवन करने से हीमोग्लोबिन तेजी से बढता है और रक्त संचार सही रहता है। इसलिए सुबह खली पेट अनार खाने से या अनार का जूस पीने से एनीमिया ठीक हो सकता है।
  • पालक: पालक में आयरन, विटामिन B12 और फोलिक एसिड उचित मात्रा में पाया जाता है। इसलिए एनीमिया के उपचार के लिय पालक का सूप या साग बनाकर नियमित रूप से सेवन किया जा सकता है।
  • चुकंदर और सेब: एक कप चुकंदर का रस, एक कप सेब का रस और दो चम्मच शहद को आपस में मिला लें। इस पेय को दिन में दो बार पी सकते हैं।
  • टमाटर: टमाटर हमारे शारीर में आयरन को सोखने में मदद करता है। इसलिए रोजाना दो-तीन कच्चे टमाटर खाएं या एक गिलास टमाटर का रस पियें।
  • शहद: शहद को फलों या दूध में मिलाकर इसका सेवन करें। चीनी की जगह शहद का इस्तेमाल करके से भी एनीमिया के उपचार में मदद मिलेगी।
  • किशमिश: किशमिश में प्रोटीन, फाइबर, आयरन, और सोडियम जैसे पोषक तत्व भरपूर मात्रा में पाएं जातें हैं, जो कि एनीमिया के उपचार में सहायक हैं। 10 से 15 किशमिश एक कप पानी में रातभर के लिए भिगोकर रख दें और सुबह इस किशमिश को शहद लगाकर खा लें और बचे हुए पानी को पी लें।